
लापरवाह कौन…ठेकेदार या अधिकारी…? खैरात के सफर में ही डकार गए लाखों के कमीशन इंजीनियर राजपूत की भूमिका संदिग्ध…?
गौरेला पेंड्रा मरवाही : जिले के जनपद पंचायत मरवाही अंतर्गत ग्राम पंचायत सेखवा मे सरपंच , सचिव और ठेकेदार के खिलाफ उपसरपंच और पंचों ने मोर्चा खोल कड़ी कार्यवाही की मांग की है, उपसरपंच और पंचों ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंप बताया कि सरपंच के पति इतवार सिंह,सचिव गीता मार्को के द्वारा फर्जी प्रस्ताव जारी किया गया है उप सरपंच और पंचों के जानकारी के बिना फर्जी प्रस्ताव जारी कर ठेकेदार को लाखों रूपए का लाभ पहुंचाया गया है, स्ट्रीट लाइट लगाने के नाम पर बड़ा फर्जीवाड़ा गांव के गली मोहल्ले को स्ट्रीट लाइट के जरिए रोशन करने की योजना भी भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ने लगे है। लाइटों में घटिया किस्म के सामान लगाए गए हैं। सेखवा पंचायत में स्ट्रीट लाइट लगवाने के नाम पर सरपंच , सचिव और ठेकेदार के द्वारा जमकर घोटाला किया गया है. शासन से तय कंपनियों की सूची को दरकिनार कर हूबहू मिलते नामों से गुणवत्ताविहीन लाइट लगवाई गई है। 90 लाइटों के नाम पर 05. 07 लाख रुपये निकाल लिए गए है जबकि ग्रामीणों की माने तो मौके पर केवल 70 स्ट्रीट लाइट लगा हुआ है। और लगे हुए स्ट्रीट लाइट इतने ठेकदार के द्वारा गुणवत्ताविहीन लगाया गया है कि एक माह जलने के बाद लाइट बुझ गईं तो शिकायत हुई।
विवादित रहा है सचिव गीता मार्को का कार्यकाल,
बता दे कि सेखवा पंचायत में पदस्थ गीता मार्को का कार्यकाल विवादों से घिरा रहा है, इनकी पदस्थापना जिस भी पंचायत में हुई है लगभग सभी जगह पर इनके द्वारा जमकर घोटाला किया गया है, बीते साल आए आदेश के बाद तो भ्रष्ट सरपंच और सचिव गीता मार्को की बल्ले-बल्ले हो गई। प्रधान और सचिवों को शासन की यह योजना कामधेनु नजर आई।
15 वे वित्त राशि में सरपंच , सचिव ने किया जमकर घोटाला,
जनपद पंचायत मरवाही के ग्राम पंचायत सेखवा में सरपंच और सचिव के द्वारा कमीशन के चक्कर में लाखों रुपए का व्यारा न्यारा कर दिया है। स्ट्रीट लाइट जिसमें गुणवत्ता न के बराबर है। 15वें वित्त आयोग योजना के तहत वित्तीय वर्ष 2023- 24 में स्ट्रीट लाइट कार्य कराया गया है। और ठेकदार को लाखों रूपए का लाभ पहुंचाया गया है,





